Monday, December 16, 2013

हक के लिए 18 को राजधानी में जुटेंगे शिक्षक

 
लखनऊ (ब्यूरो)। परिषदीय हो या इंटर कॉलेज, संस्कृत विद्यालय हो या मदरसा अरबिया इनके शिक्षक
 
सरकार की वादाखिलाफी से नाराज हैं। शिक्षक इसके खिलाफ 18 दिसंबर को राजधानी के झूलेलाल मैदान पर
 
 जुटेंगे और सरकार को किए गए वादे की याद दिलाएंगे।
 
उत्तर प्रदेश शिक्षक संघ के प्रदेशीय मंत्री डॉ. आरपी मिश्र ने बताया कि सरकार शिक्षकों की जायज मांगों पर
 
ध्यान नहीं दे रही है। शिक्षक 1 अप्रैल, 2005 के बाद नियुक्त शिक्षकों को पुरानी पेंशन योजना का लाभ देने,
 
केंद्रीय शिक्षकों के समान समस्त भत्तों की स्वीकृति, तदर्थ शिक्षकों का विनियमितीकरण, बेसिक, संस्कृत,
 
अरबी मदरसा, उर्दू, राजकीय, डिग्री तथा माध्यमिक शिक्षकोें की वेतन संबंधी विसंगतियों को दूर करने,
 
माध्यमिक विद्यालयों की जनशक्ति की दोषपूर्ण प्रक्रिया समाप्त करने समेत 61 सूत्रीय मांगों को लेकर 9
 
दिसंबर को जिला मुख्यालयों पर प्रदर्शन कर जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेज चुके हैं।
 
इसके बाद भी उनकी मांगों पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
 
18 दिसंबर को प्रदेशव्यापी प्रदर्शन में विभिन्न शिक्षक संघों के हजारों शिक्षक शामिल होंगे। इसका नेतृत्व
 
शिक्षक महासंघ के संयोजक व उप्र माध्यमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष ओम प्रकाश शर्मा तथा शिक्षक महासंघ
 
के अध्यक्ष व उप्र प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष लल्लन मिश्र करेंगे।
 
सरकार की अनदेखी का विरोध, दिलाएंगे वादे की याद