Wednesday, April 22, 2015

खुशखबरी: 30 लाख सरकारी कर्मचारियों का होगा फायदा



रिजर्व बैंक द्वारा ब्याज दरों में कटौती के बावजूद सरकारी कर्मचारियों को चालू वर्ष के दौरान भी केन्द्र सरकार के कर्मचरियों के जनरल प्रोवीडेंट फंड (जीपीएफ) के साथ-साथ भविष्य निधि की नौ योजनाओं पर पिछले वर्ष के बराबर ही ब्याज मिलेगा। इसके दायरे में केन्द्र सरकार के करीब 30 लाख कर्मचारी आते हैं।

केन्द्रीय वित्त मंत्रालय द्वारा यहां जारी एक बयान के मुताबिक वर्ष 2015-16 के दौरान जीपीएफ, कंट्रीब्यूटरी प्रोविडेंट फंड, ऑल इंडिया सर्विसेज प्रोविडेंट फंड, स्टेट रेलवे प्रोविडेंट फंड, डिफेंस सर्विसेज प्रोविडेंट फंड, इंडियन आर्डिनेंस प्रोविडेंट फंड, इंडियन आर्डिनेंस फैक्ट्रीज वक्र्समेन्स प्रोविडेंट फंड, इंडियन नेवल डाकयार्ड वक्र्समेन्स प्रोविडेंट फंड, डिफेंस सर्विसेज आफिसर्स प्रोविडेंट फंड और आम्र्ड फोर्सेज पर्सनल प्रोविडेंट फंड नामक योजनाओं में 8.7 फीसदी की वार्षिक ब्याज दिया जाएगा।

उल्लेखनीय है कि सरकार ने चालू वर्ष के दौरान पीपीएफ और बचत की अन्य छोटी योजनाओं पर ब्याज दर पिछले वर्ष के बराबर ही रखा है।

हालांकि पांच वर्षीय वरिष्ठ नागरिक बचत योजना पर ब्याज दर 9.2 फीसदी से बढ़ा कर 9.3 फीसदी कर दिया गया है जबकि सुकन्या समृद्धि योजना में ब्याज दरों को 9.1 फीसदी से बढ़ा कर 9.2 फीसदी कर दिया गया है।

उल्लेखनीय है कि एक जनवरी 2004 से पहले भर्ती हुए केन्द्र सरकार के कर्मचारी जीपीएफ के दायरे में आते हैं। इसमें कर्मचारियों को मूल वेतन का कम से कम 6 फीसदी राशि का योगदान करना होता है। इसमें कर्मचारियों को ज्यादा योगदान का भी अवसर है जो कि अधिकतर 100 फीसदी तक जा सकता है।